बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को रेलवे परियोजनाओं के उद्घाटन, शिलान्यास कार्यक्रमों में राज्य सरकार की अनदेखी पर कड़ा एतराज है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में रेलमंत्री लालू प्रसाद ने रेल की परियोजनाओं को पार्टी के कार्यक्रम में तब्दील कर दिया है। इन्हें सूबाई सरकार पर निशाना साधने के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है। सांसदजी की हरकत मुख्यमंत्री को नागुजारी है लिहाजा , मुख्यमंत्री ने जनता के सामने जाने का मन बनाया है
जनता दरबार में फरियाद सुनने के बाद खबरनवीसों से बातचीत में श्री कुमार ने कहा कि रेलवे के कार्यक्रमों में सभी पूर्व लोगों को आमंत्रित किया जा रहा है। सरकार को न्योता तक नहीं दिया जाता। चुनाव देख शिलान्यास करते चल रहे हैं। पब्लिक को सब मालूम है कि असली विकास कौन कर रहा है और झुनझुना कौन थमा रहा। पिछले दिनों हमने कुछ कह दिया तो बमक गये। कहते हैं रेलवे परियोजनाओं के लिए जमीन नहीं मिल रही लेकिन जब अधिग्रहण होता है तो राजद के लोग ही 'जान देंगे, जमीन नहीं देंगे' का नारा लगाते तख्ती लेकर बै जाते हैं। सिंगूर, नंदीग्राम की तरह आंदोलन खड़ा करने की चेतावनी देते हैं। आग भड़काइयेगा तो लपट आप पर भी नहीं बचियेगा। आज रोना रो रहे हैं कि अधिग्रहण नहीं हो रहा। सोनपुर से ही इस्माइलपुर, गोविंदचक, वीरसेनपुर के लोग आये थे। उनकी जमीन रेल परियोजना में जा रही है। सभी अधिग्रहण के खिलाफ हैं। मैं तो कहता हूं, विकास के मुद्दों पर राजनीति नहीं होनी चाहिए। सर्वानुमति बननी चाहिए। इस सबके बावजूद मैं भरोसा दिलाना चाहता हूं कि सरकार रेलवे को पूरा सहयोग करेगी लेकिन सवाल है कि मुजफ्फरपुर-सीतामढ़ी, छपरा-सिवान-कप्तानगंज, सहरसा-फारबिसगंज, राजगीर-तिलैया और तिलैया-कोडरमा, हरनौत रेल कारखाना, नेऊरा-दरियांवा, पटना-किऊल तीहरी लाइन, एनटीपीसी की बाढ़ इकाई वास्ते रेल लाइन सरीखी परियोजनाओं जिनके लिए जमीन है उस पर क्यों नहीं काम हो रहा! चेतावनी रैली के बारे में पूछे जाने पर श्री कुमार ने कहा कि हर व्यक्ति को मीटिंग, रैली, धरना, प्रदर्शन करने का हक है। पटना ने कितनी बार भीड़ देखी है। कार्यकर्ताओं में उत्साह भरने के लिए रैली हो रही है। प्रशासन से जो सहयोग मांगेंगे दिया जायेगा, पर्याप्त पानी रहेगा। रैली में आने वालों के लिए जेल परिसर की जमीन मांगी गयी, वह दे दी गयी है लेकिन वहां सांप बहुत है। हमने डीएम से पर्याप्त मात्रा में सांप काटने वाली दवा का भी इंतजाम रखने को कहा है। रैली के लिए सर्वोत्कृष्ट स्लोगन लिखने वाले को राजद सुप्रीमो द्वारा 5000 रुपये का इनाम दिये जाने की घोषणा पर उन्होंने कहा कि लालू प्रसाद शुरू से लोगों को झुनझुना थमाते आ रहे हैं-चाहे वह जनता हो या कार्यकर्ता। रैली के लिए ट्रेनों के आरक्षण के संबंध में श्री कुमार ने कुछ भी बोलने से इनकार कर दिया। परमाणु करार से केन्द्र सरकार के पीछे हट जाने से जुड़े सवाल पर श्री कुमार ने कहा कि यह सरकार बचाने के लिए हुआ है लेकिन कांग्रेस अगला कौन सा कदम उ ायेगी, वह झुकी है या फिर एक कदम पीछे हटी है, बाद में पता चलेगा। रही बात चुनाव की तो यह भी कांग्रेस और वामदलों के रुख पर निर्भर है। मुख्यमंत्री से जब पूछा गया कि रेल मंत्री लालू प्रसाद तो |