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सांसदजी रंगरेलीयाँ मानते हुये धरे |
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सिरसा के सांसदजी आत्मा सिहं गिल कालगर्ल को अपनी रिशतेदार बता रहे है , पुलिस की माने की इनकी या कुछ टाईमस नाव में दिखाये गये चलचित्र को सही माने राम जाने , सांसदजी को इस उम्र में कोन सी जबानी निकालने की पडी थी , अब तो उनको आदालत एंव अपने संसदीय मतदाता , हाई कमान और न जाने किन किन को बताना पडेगा कि लडकीयाँ रिशतेदार है
फिर आप तो रसुददार हो किसकी मजाल की आप पे हाँथ डाले पुलिस की क्या आम जनता की ? आत्मा राम लगता है , अपनी आत्मा को राम से मिलाने की को नयी तरकीब ढुढ रहे थे ? |