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पंडित नेहरू की गलती थी अनुच्छेद-370 |
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भाजपा के महासचिव अरुण जेटली ने जम्मू-कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले संविधान के अनुच्छेद 370 को देश के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू की गलती बताते हुए मांग की है कि भारतीय संघ के साथ राज्य के पूर्ण एकीकरण के लिए इसे निरस्त किया जाए तथा राज्य में जम्मू और लद्दाख के हितों को ध्यान में रखते हुए अधिकारों का विकेंद्रीकरण किया जाए।
राज्य और केंद्र के बीच संबंध मजबूत करने के बारे में ग ित कार्यदल के अध्यक्ष न्यायमूर्ति सगीर अहमद को लिखे पत्र में पार्टी का यह सुविदित दृष्टिकोण दोहराया है। जेटली ने पत्र में यह भी कहा कि जम्मू-कश्मीर के बारे में दो अन्य प्रस्ताव (राज्य के लोगों के लिए स्वशासन और 1953 के पूर्व जैसी स्वायतत्ता) भाजपा को अस्वीकार्य हैं। उल्लेखनीय है कि इस पांचवें कार्यदल का ग न पिछले साल 25 मई को श्रीनगर में राज्य और केंद्र के बीच संबंध मजबूत करने के बारे में हुए गोलमेज सम्मेलन में प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के बयान के बाद किया गया था। जेटली ने कहा कि यह स्पष्ट है कि कार्यदल का ग न जम्मू-कश्मीर और केंद्र के बीच संबंध मजबूत करने के लिए किया गया है, ऐसे उपाय करने के लिए नहीं जिससे उनके बीच दूरी बढ़े। उन्होंने कहा कि यह जम्मू-कश्मीर समेत पूरे देश के लोगों पर है कि वे पीछे मुड़ कर देखें और निष्पक्ष रूप से तय करें कि क्या अनुच्छेद 370 से देश और राज्य की जनता का भला हुआ है तथा क्या इससे राष्ट्रीय एकता मजबूत हुई है। news-dainik jagran |