आखिर आतंकवादी चाहते क्या है , मरने बालो का इसमे क्या दोष है,क्या कोई जगह सकुन के लिये नही है,हत्या करने का मकसद क्या है , क्या जे भी एक धंधे का रुप ले ते जा रहा है,इस पर प्रधानमंत्री ने निंदा की है. वहीं विपक्षी दल भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने केंद्र सरकार की आंतरिक सुरक्षा नीति पर सवाल उ ाए हैं. अब आगे क्या होगा, धमाके रुक जायेगें?
राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल ने कहा है कि ये हमले शांति और सदभाव को बिगाड़ने की कोशिश है. उन्होंने कहा कि जो ऐसी गतिविधियों में लिप्त हैं, उनके लिए निर्दोष लोगों के जान की कोई कीमत नहीं है. उन्होंने हमले में हताहत हुए लोगों के परिजनों के प्रति सहानुभूति व्यक्त की है.
प्रधानमंत्री ने धमाकों की निंदा करते हुए लोगों से शांति और सदभाव बनाए रखने की अपील की है.
केंद्रीय महिला एवं बालविकास मंत्री और आँध्र प्रदेश की कांग्रेस नेता रेणुका चौधरी ने इस घटना की निंदा करते हुए कहा है कि यह सिर्फ़ आँध्र प्रदेश पर नहीं बल्कि पूरे देश पर हमला है.
हम केंद्र सरकार को लगातार चेतावनी देते आए हैं कि वह आंतरिक सुरक्षा मज़बूत बनाने के लिए पर्याप्त क़दम उ ाए लेकिन कांग्रेस की अगुआई वाली सरकार ने इस पर ध्यान नहीं दिया ,विजय कमुर मल्होत्रा.
मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीएम) के नेता सीताराम येचुरी ने भी बम धमाकों कि निंदा की है. उन्होंने घटनास्थल का दौरा करने के बाद कहा, "राज्य सरकार घटना के शिकार हुए लोगों को हर संभव मदद दे और सुरक्षा इंतज़ाम पुख़्ता करे."
भाजपा अध्यक्ष राजनाथसिंह समेत कई अन्य शीर्ष नेताओं ने विस्फोटों की कड़े शब्दों में निंदा की है।