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केंद्र के समर्थन मे चार सांसद कम ः सत्तारुढ़ संयुक्त प्रगतिशील ग बंधन के एक और घटक दल एमडीएमके |
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एमडीएमके के चार सांसद हैं और समर्थन वापसी से सरकार को कोई ख़तरा नहीं है लेकिन पिछले कुछ दिनों में यह दूसरा क्षेत्रीय दल है जिसने समर्थन वापस लिया है.
वाइको ने नेतृत्व वाली एमडीएमके का कहना है कि केंद्र सरकार ने न्यूनतम साझा कार्यक्रम के कई वादों को पूरा नहीं किया इसलिए वो समर्थन वापस ले रहे हैं. पार्टी ने कोयंबतूर में एक सम्मेलन में एक प्रस्ताव पारित कर के यह घोषणा की जिसके अनुसार पार्टी की 17 मांगे न्यूनतम साझा कार्यक्रम में थीं जिन्हें पूरा नहीं किया गया. प्रस्तवा में कहा गया है कि केंद्र सरकार तमिलनाडु के किसानों की दिक्कतें सुलझाने में न केवल असफल रही है बल्कि कावेरी मुद्दे पर राज्य के किसानों का अपमान किया गया है. सरकार पर बहुराष्ट्रीय कंपनियों को समर्थन देने का आरोप लगाते हुए प्रस्ताव में कहा गया है कि इसमें ग़रीब और मध्य वर्ग के लोगों का ख्याल नहीं रखा गया है. एमडीएमके के चार सांसद हैं जिसमें से दो एल गणेशन और जिजी रामचंद्रन पहले ही पार्टी से अलग हो चुके हैं हालांकि इन दोनों को पार्टी से निकाला नहीं गया है. इसके अलावा दो अन्य सांसद कृष्णन और वी रविचंद्रन हैं. इससे पहले आंध्र प्रदेश की तेलंगाना राष्ट्र समिति ने भी सरकार से समर्थन वापस लिया था. |